Vijaydashmi Ki Ansuni Kahani

ll विजयदशमी का सही महत्व ll

नमस्कार दोस्तों, आप सभी का हमारे AMS स्टोरी चैनल पर स्वागत है।  यह कथा दशहरा 10:00 विजयादशमी की है, अतः रामायण तो आप सभी जानते ही होंगे।  अगर आप नहीं जानते तो आज हम आपको बताने जा रहे हैं विजयादशमी का महत्व।  अगर आपको यह वीडियो पसंद आया हो तो इस वीडियो को अपने सभी दोस्तों के साथ शेयर करें और चैनल को सब्सक्राइब जरूर करें। 

इस चैनल पर हमारे पास बहुत ही रोचक और अधिक जानकारीपूर्ण वीडियो हैं।  आइए दशहरा 2023 की शुरुआत सिर्फ रावण का वध करके ही नहीं बल्कि इन कर्मों से भी करें।  दशहरा भी मनाया जाता है , लेकिन जानिए दशहरा 2023 की पौराणिक कथाएं। हर साल आश्विन माह की दशमी तिथि को दशहरा मनाया जाता है, लेकिन ज्यादातर लोग यही जानते हैं कि दशहरा रावण के वध की वजह से मनाया जाता है, 

लेकिन इसके साथ ही कई अन्य रस्में भी मनाई जाती हैं।  विजयादशमी का त्यौहार मनाया जाता है [संगीत] हिंदू धर्म में दशहरा का त्यौहार बुराई पर अच्छाई की जीत के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।  ऐसा माना जाता है कि इस दिन भगवान राम ने लंका पति रावण का वध किया था, इसलिए हर साल यह दिन मनाया जाता है।  पंचम के अनुसार यह त्यौहार आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन रामलीला के साथ-साथ रावण का पुतला दहन करने की भी परंपरा है, लेकिन क्या आप जानते हैं


 कि श्री राम ने न सिर्फ रावण का वध किया था बल्कि कई अन्य कार्य भी किए थे। दशहरा का दिन भी मनाया जाता है।  इस दिन को अधर्म पर धर्म की जीत के साथ-साथ सत्य पर सत्य की जीत के रूप में भी माना जाता है।  जानिए दशहरा मनाने के पीछे कौन सी पौराणिक कथाएं प्रचलित हैं।  दशहरा मनाने के पीछे कई पौराणिक कथाएं प्रचलित हैं जिनमें हम आपको तीन मुख्य कथाओं के बारे में बता रहे हैं जिसमें भगवान राम ने रावण का वध किया था। वाल्मिकी रामायण के अनुसार भगवान राम ने आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से नवमी तिथि तक, इसके बाद दशमी तिथि को मां दुर्गा की पूजा की थी। उन्होंने रावण का वध किया था, इसीलिए हर साल विजयादशमी मनाई जाती है।  माँ दुर्गा ने महिषासुर का वध किया।  दूसरी कथा के अनुसार महिषासुर और मां दुर्गा के बीच 9 दिनों तक युद्ध चला और दसवें 

दिन उन्होंने महिषासुर का वध कर दिया। इसी कारण से अश्विन माह की दशमी तिथि को विजयादशमी मनाई जाती है। इसे मां दुर्गा द्वारा असत्य पर सत्य की जीत के रूप में माना जाता है।  यह पांडवों की विजय थी।  एक पौराणिक कथा के अनुसार कहा जाता है कि इसी दिन पांडवों को वनवास हुआ था।  और इसी दिन वनवास समाप्त होते ही शक्ति पूजा के साथ शमी वृक्ष में शास्त्र रखे गए, वे पुनः बाहर आए और कौरवों पर आक्रमण कर विजय प्राप्त की।  दशहरा पर 10 वाक्य दशहरा बुराई पर 


अच्छाई की जीत के रूप में मनाया जाने वाला एक प्रमुख हिंदू त्योहार है। पुरानी कथाओं के अनुसार जब रावण ने माता सीता का अपहरण कर लिया था, तब भगवान श्री राम ने लंका में रावण से युद्ध कर उसका वध किया था और पृथ्वी को उसके पापों से मुक्त किया था।  इस दिन को दशहरा के नाम से जाना जाता है। और हर साल भगवान श्री राम की याद में हम इस दिन रावण का पुतला जलाकर सत्य की जीत मानते हैं। आज हम भगवान श्री राम द्वारा रावण के वध की खुशी में मनाए जाने वाले 10 वाक्यों के सेट से दशहरा के महत्वपूर्ण तथ्यों के बारे में जानेंगे। यह त्यौहार हर साल हिंदी कैलेंडर के आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को मनाया जाता है।  तीसरे दशहरे को हम सभी विजयादशमी के नाम से जानते हैं। 


यह दिन असत्य पर सत्य की जीत के लिए याद किया जाता है। इस दिन पांच बुराइयों पर अच्छाई की जीत का जश्न मनाने के लिए रावण का पुतला जलाया जाता है। रामलीला का आयोजन बहुत सुन्दर ढंग से किया जाता है।  एक मेला आयोजित किया जाता है जहाँ लाखों लोग दर्शन करने आते हैं। आठ वाराणसी और अन्य विशेष स्थानों की कीमतें अलग-अलग हैं।  रामलीला एक महीने तक चलती है। राज्यों में दशहरा का उत्सव कई विशेष तरीकों से मनाया जाता है।  दशहरा एक संस्कृत विरासत के रूप में अंकित है और 10 वाक्य दशहरा एक प्रमुख हिंदू त्योहार है जो भारत और विदेशों में रहने वाले हिंदुओं 


द्वारा प्रतिवर्ष मनाया जाता है।  2 पावं तोर दशहरा अंग्रेजी कैलेंडर के सितंबर और अक्टूबर महीने में मनाया जाता है।  3 दशहरा का दिन आश्विन माँ के शारदा नवरात्रि के 9वें दिन के बाद आता है।  4 दशहरे के दिन मां दुर्गा ने महेश्वर का वध किया था, इसलिए इस दिन को विजयादशमी भी कहा जाता है।  इस त्यौहार का उत्साह शाम को देखा जा सकता है जो बहुत आकर्षक लगता है।  इस दिन देवी दुर्गा की मूर्तियों का विसर्जन किया जाता है और साइकिल पर सवार रावण का दहन किया जाता है।  सभी धर्मों और समुदायों के लोग अपने परिवारों के साथ दशहरा मनाने के लिए एकत्र होते हैं।  आप चैत्र शुक्ल, कार्तिक शुक्ल की प्रतिपदा और दशहरा वर्ष के तीन सबसे शुभ दिन हैं। 9 दशहरा का त्योहार नैतिकता और मूल्यों के साथ-साथ सत्य की जीत का प्रतीक है। 10 दशहरे के दिन रामलीला का आयोजन किया जाता है।


 मुस्लिम राष्ट्र इंडोनेशिया में दशहरा का त्योहार कई वर्षों से भारत में मनाया जाता रहा है।  यह हमें नैतिकता का पाठ पढ़ाता है कि कैसे बुरे कर्मों के भी बड़े परिणाम होते हैं।  यह त्यौहार लोगों में ईश्वर के प्रति आस्था और विश्वास पैदा करता है। दशहरा का यह त्यौहार न केवल नवरात्रि से संबंधित है, बल्कि भारत के कुछ राज्यों में इसे फसल उत्सव के रूप में भी मनाया जाता है।  हिमाचल प्रदेश, पंजाब, बंगाल और उत्तर प्रदेश आदि राज्यों में दशहरा के कार्यक्रमों में अपने विशेष कार्यक्रम होते हैं।  आप सभी का 


धन्यवाद जो पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हैं और आकर्षण का केंद्र बन गए हैं। यदि आपको अब तक का हमारा वीडियो पसंद आया है, यानि कि आपको हमारे वीडियो में बहुत रुचि है, तो कृपया इस चैनल को सब्सक्राइब जरूर करें और इसे अपने सभी दोस्तों के साथ शेयर करें।  और इस वीडियो को अपने सभी दोस्तों, माता-पिता, बहनों और भाइयों के साथ जरूर शेयर करें, जिसमें हमारे हिंदू रीति-रिवाजों और हिंदू त्योहारों के बारे में सही और महत्वपूर्ण जानकारी है। कृपया सब्सक्राइब करें और कमेंट में जय श्री राम जरूर लिखें।  धन्यवाद [संगीत] 

Comments

Popular posts from this blog

The Rise of Cryptocurrency: Evolution, Impact, and the Future of Digital Money

🚀 XRP Nears All-Time High After 10% Surge and $12B Volume Spike: Are Bulls About to Rewrite History?

भगवान शिव ने बताए हैं मृत्यु के ये 4 संकेत 🕉️